हम मुहब्बत तो कर नहीं सकते, क्यूंकि हर रोज़ मर नहीं सकते, जो भी कहते हो,सिर्फ़ सुन लेंगे, इससे ज़्यादः बिखर नहीं सकते... उर्मिला माधव.. 26.8.2016
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