ये मेरे शेर और क़तआत ---
Friday, 27 February 2026
ख़ामाख़यालियों में
ख़ामाख़यालियों में सुलगते हैं जिनके ग़म,
उनको दिलों की आग ही...जीने नहीं देती.....
उर्मिला माधव...
28.2.2017
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