Tuesday, 23 July 2019

हिंदी मुक्तक

जब भावों का संसार नहीं क्या गीतों को  पहचानोगे ?
जब अंतर्मन में पीर नहीं, मन मीत कहाँ पहचानोगे?
और प्रीत नहीं पहचानोगे तो रीत कहाँ से जानोगे?
जब ह्रदय बीच झन्कार नहीं,संगीत कहाँ पहचानोगे?
उर्मिला माधव..

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