क्यूँ करें शिकवा तेरी तहरीर का हम, जानते हैं फैसला तकदीर का हम ... सांप हमने पाल् के रख्खे है घर में, जानते हैं हौसला हर तीर का हम .... उर्मिला माधव ९.९.२०१३
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