Tuesday, 20 February 2018

शेर

सब्र बिलकुल थक चुका हो,जिस्म-ओ-जां बीमार हो
दिल भी बुझकर ख़ाक हो,तो चारागर भी क्या करे.....
उर्मिला माधव...
21.2.2016

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