Monday, 13 April 2026

ज़िंदगी तार तार देखो ना

ज़िंदगी तार-तार देखो ना,
ज़ख्म के आर पार देखो ना,
ये भी हैरत है तुम समझ न सके,
आओ तब बार-बार देखो ना....
उर्मिला माधव...
14.4.2014...

No comments:

Post a Comment