ये मेरे शेर और क़तआत ---
Tuesday, 22 May 2018
वक़्त लग गया
इक ज़लज़ले की झोंक में कुछ दूर जा गिरे
हाथों के बल उठे तो ज़रा वक़्त लग गया...
उर्मिला माधव...
23.5.2015
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