जो भी हम ज़िन्दगी में करते हैं ज़िन्दगी ख़ुद हिसाब करती है, बोलते रहने से कुछ नहीं होता, ये ब ख़ुद ला-जवाब करती है.. उर्मिला माधव.. 26.6.2013
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