दिल के इरादे ........चाँद से मन्सूब होगए, फिर क्या कहें कि बज़्म में हम ख़ूब होगए, लोगों ने हमको प्यार से .दिल में पनाह दी, हम भी बरा ए नाम को ......महबूब होगए.. उर्मिला माधव.. 21.5.2017
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