Sunday, 26 May 2019

आसान है

सोच का हो जाएगा छोटा हिसार
जिस्म के सब दायरे थक जाएंगे,
उंगलियों पे ज़िन्दगी होगी शुमार
ख़्वाब से ख़ाली रहें दो चश्म जब,
तब समझना ज़िंदगी आसान है.…
उर्मिला माधव
27.5.2018

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