ये मेरे शेर और क़तआत ---
Wednesday, 25 March 2026
लफ़्ज़ों के मानी
हमने उसके वास्ते भी जाने क्या-क्या कह दिया,
जो कि लफ़्ज़ों के मआनी, तब समझता था न अब...
उर्मिला माधव
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