Wednesday, 18 April 2018

धुंए में खो गए

दिल कभी ज़्यादः दुखा बस रो लिए, चुप होगये,
ग़म सुलग कर बुझ गये और हम धुंए में खो गए ...
उर्मिला माधव....
18.4.2015...

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