ये मेरे शेर और क़तआत ---
Tuesday, 16 October 2018
पत्थर हूं मैं
सबने ये समझा के एक पत्थर हूँ मैं,
चूंकि देखा ही नहीं रोते हुए...
उर्मिला माधव....
17.10.2017...
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment