Tuesday, 13 January 2026

दस्ताने

मैंने दस्ताने कभी पहने बहुत हैं,
और जो बाक़ी हैं वो गहने बहुत हैं,
मुस्कुरा कर सब उठा कर रख दिए,
जब ये समझा अब तो ग़म सहने बहुत हैं....
उर्मिला माधव...

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