Sunday, 9 December 2018

ज़माने लगे

ग़म यूँ ही दुश्मनों को बताने लगे,
ये समझने में हमको ज़माने लगे,

हाल क्या है हमारा ये पूछा मगर,
दर्द सुन करके वो मुस्कुराने लगे,
उर्मिला माधव....
10.12.2014....

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