ये मेरे शेर और क़तआत ---
Thursday, 14 April 2022
सन्नाटों ने घर को
सन्नाटों ने ...घर को आकर घेरा है,
कोने-कोने ......वीरानी का डेरा है,
टूटे-फूटे ख़्वाब पड़े मिल सकते हैं,
फ़िक़्र नहीं है इनका कौन लुटेरा है...
#उर्मिलामाधव...
15.4.2015...
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